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फिर रातोंरात तहस-नहस कर दी थी दो केंद्रीय मंत्रियों ने मंत्री बनाये जाने वाली लिस्ट 

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चंडीगढ़: मंत्रीपद की शपथ लेने के बाद कल कई मंत्रियों ने अपना पदभार संभाल लिया और आज कई मंत्री अपने विधानसभा क्षेत्र में पहुँच रहे हैं जहाँ उनका जोरदार स्वागत किया जाएगा। भाजपा की टिकट वितरण के बाद से ही दो केंद्रीय मंत्री सुर्ख़ियों में हैं। टिकट वितरण के समय हरियाणा भाजपा की लिस्ट को तहस नहस कर अपने चहेतों को टिकट दिलवाने वाले ये दोनों कद्दावर केंद्रीय मंत्री अपने चहेते नेताओं को मंत्री बनाये के कारण अब सुर्ख़ियों में हैं। टिकट वितरण के समय की तरह ही भाजपा मंत्रिमंडल के विस्तार में भी दो हफ्ते से ज्यादा समय तक उलझी रही। सीएम एक लिस्ट लेकर दिल्ली से चंडीगढ़ दौड़ते रहे। कहा जा रहा था कि लिस्ट पर हाईकमान की मुहर लगने के बाद लिस्ट जारी कर दी जाएगी लेकिन लिस्ट अटकी रही। ठीक वैसे हो रहा था जैसे टिकट वितरण के समय हुआ था। 

गुरुग्राम के सांसद एवं केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत के बारे में चर्चाएं हैं कि अंडमान- निकोबार में बैठकर उन्होंने रातोंरात भाजपा के मंत्रियों की लिस्ट बदल दी और अभय यादव का पत्ता कटवा ओम प्रकाश यादव को मंत्री बनवा दिया।  
नांगल-चौधरी विधायक डॉ़ अभय यादव, सीएम मनोहर लाल खट्टर की पहली पसंद थे। कैबिनेट की सूची में अभय यादव का नाम था, लेकिन इंद्रजीत शुरू से ही उनका विरोध कर रहे थे। अहम बात यह है कि इंद्रजीत सिंह दिल्ली और हरियाणा से बाहर थे। इसके बाद भी वे अपनी गोटियां सेट करने में कामयाब रहे। अंडमान-निकोबार से ही उन्होंने अभय यादव की जगह नारनौल से विधायक ओपी यादव के लिए लॉबिंग की। बाहर होने के कारण वे शपथ ग्रहण समारोह में भी नहीं पहुंचे। चुनाव में प्रचार के दौरान ही जनसभा में इंद्रजीत ने ऐलान कर दिया था कि ओपी यादव के विधायक बनते ही उन्हें मंत्री बनवाने की गारंटी उनकी (राव) होगी। बनवारी लाल को कैबिनेट मंत्री बनवाने में भी इंद्रजीत का अहम रोल रहा।

इसी तरह फरीदाबाद में भी हुआ। कई विधायक मंत्री बनने का सपना देख रहे थे लेकिन यहाँ केंद्रीय राज्य मंत्री एवं स्थानीय सांसद कृष्णपाल गुर्जर की ही चली और मूलचंद शर्मा को केबिनेट में जगह मिली। कहा जा रहा है कि मूलचंद शर्मा के समधी राम बिलास शर्मा इस बार चुनाव हार चुके थे और मूलचंद शर्मा के पास कोई रास्ता नहीं था कि वो किसी और बड़े नेता से सिफारिश करवाते इसलिए उन्होंने कृष्णपाल गुर्जर पर भरोषा जताया और गुर्जर ने उनके लिए लॉबिंग की और शपथ ग्रहण के दिन गुर्जर चंडीगढ़ पहुंचे और लिस्ट जारी होने के पहले ही उन्होंने मूलचंद शर्मा को बधाई दी और वो तस्वीर भी सोशल मीडिया पर वाइरल हुई थी। यही कारण है कि मूलचंद शर्मा इन दिनों कृष्णपाल गुर्जर का जमकर गुणगान कर रहे हैं। 
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