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केंद्रीय गृह मंत्री ट्रॉफी से सम्मानित हुई हरियाणा पुलिस अकादमी - DGP ने कहा गर्व की बात है

 चंडीगढ़, 22 जनवरी - हरियाणा पुलिस अकादमी, मधुबन को वर्ष 2016-17 के लिए गैर-राजपत्रित अधिकारियों को प्रशिक्षित करने में देश की सर्वश्रेष्ठ पुलिस अकादमी चुने जाने का गौरव प्राप्त हुआ है। केन्द्र सरकार के गृह मंत्रालय ने हरियाणा पुलिस अकादमी को सर्वक्षेष्ठï पुलिस प्रशिक्षण संस्थान चुने जाने पर केंद्रीय गृह मंत्री ट्रॉफी से सम्मानित किया  है।

इसके अतिरिक्त, एचपीए मधुबन और आरटीसी भोंडसी को नोर्थ जोऩ श्रेणी में वर्ष 2017-18, 2018-19 और 2019-20 के लिए चार अन्य केंद्रीय गृह मंत्री ट्राफियां से भी सम्मानित किया गया है।

 पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) हरियाणा,  मनोज यादव ने आज यहां यह जानकारी देते हुए बताया कि हमारे लिए गर्व की बात है कि हरियाणा पुलिस की एचपीए मधुबन और आरटीसी भौंडसी दोनों अकामियों ने पुलिस प्रशिक्षण में अपनी उत्कृष्टता का प्रदर्शन करते हुए प्रतिष्ठित सम्मान प्राप्त किया है। उन्होंने अकादमियों के पुलिस अधिकारियों और प्रशिक्षकों को राष्ट्रीय स्तर पर उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन को मिली पहचान के लिए बधाई भी दी।

डीजीपी ने कहा कि एचपीए मधुबन और आरटीसी भोंडसी को नोर्थ जोऩ कैटागिरी में वर्ष 2017-18 के लिए क्रमश: राजपत्रित अधिकारियों और अन्य रैंकों को  सर्वश्रेष्ठ पुलिस प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री ट्राफी से सम्मानित किया गया है। इसी प्रकार, एचपीए मधुबन का वर्ष 2018-19 के लिए राजपत्रित अधिकारियों को प्रशिक्षित करने की श्रेणी में और 2019-20 के लिए गैर-राजपत्रित अधिकारियों को प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए सर्वश्रेष्ठ पुलिस प्रशिक्षण संस्थान के लिए चयन हुआ है।

सर्वश्रेष्ठ पुलिस प्रशिक्षण के लिए केंद्रीय गृह मंत्री ट्रॉफी की स्थापना का उद्देश्य पुलिस संगठनों में प्रशिक्षण और प्रशिक्षकों के महत्व को पहचानना और देश भर के पुलिस प्रशिक्षण संस्थानों में प्रशिक्षण की गुणवत्ता को बढ़ावा देना है। ट्रॉफी की 3 श्रेणियां हैं जिसमें राजपत्रित अधिकारियों, गैर-राजपत्रित अधिकारियों और अन्य रैंकों के प्रशिक्षण के लिए सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षण संस्थान शामिल हैं।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के इस पुरस्कार में केंद्र सरकार द्वारा  स्वीकृत सहायता के रूप में अनुदान भी शामिल है।

क़ानून वापसी पर अड़ी किसान यूनियन, आज भी नहीं बनी बात


नई दिल्ली-  कृषि कानूनों को लेकर लगभग दो महीनें से चल रहा किसान आंदोलन अभी जारी रहेगा। आज 11 दौर की बातचीत भी बेनतीजा रही। सरकार ने कई कदम पीछे खींचे हैं लेकिन किसान नेता एक कदम भी पीछे नहीं हट रहे हैं जिस कारण बात नहीं बन रही है। किसानों के साथ बैठक के बाद केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने मीडिया को बताया कि हमने किसान यूनियन को कहा कि जो प्रस्ताव आपको दिया है- 1 से 1.5 वर्ष तक क़ानून को स्थगित करके समिति बनाकर आंदोलन में उठाए गए मुद्दों पर विचार करने का प्रस्ताव बेहतर है, उसपर फिर से विचार करें। 
हमने कहा कि आज वार्ता को पूरा करते हैं आप लोग अगर निर्णय पर पहुंच सकते हैं तो आप लोग कल अपना मत बताइए। निर्णय घोषित करने पर आपकी सूचना पर हम कहीं भी इकट्ठा हो सकते हैं। 

कृषि मंत्री ने कहा कि वार्ता के दौर में मर्यादाओं का तो पालन हुआ परन्तु किसानों के हक़ में वार्ता का मार्ग प्रशस्त हो, इस भाव का सदा अभाव था इसलिए वार्ता निर्णय तक नहीं पहुंच सकी। इसका मुझे भी खेद है। भारत सरकार की कोशिश थी कि वो सही रास्ते पर विचार करें जिसके लिए 11 दौर की वार्ता की गई। परन्तु किसान यूनियन क़ानून वापसी पर अड़ी रही। सरकार ने एक के बाद एक प्रस्ताव दिए। परन्तु जब आंदोलन की पवित्रता नष्ट हो जाती है तो निर्णय नहीं होता। इस आंदोलन के दौरान लगातार ये कोशिश हुई कि जनता के बीच और किसानों के बीच गलतफहमियां फैलें। इसका फायदा उठाकर कुछ लोग जो हर अच्छे काम का विरोध करने के आदि हो चुके हैं, वे किसानों के कंधे का इस्तेमाल अपने राजनीतिक फायदे के लिए कर सकें। भारत सरकार PM मोदी जी के नेतृत्व में किसानों और गरीबों के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है और रहेगी... विशेष रूप से पंजाब के किसान और कुछ राज्यों के किसान कृषि क़ानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं। 

बैठक के बाद किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार की तरफ से कहा गया कि 1.5 साल की जगह 2 साल तक कृषि क़ानूनों को स्थगित करके चर्चा की जा सकती है। उन्होंने कहा अगर इस प्रस्ताव पर किसान तैयार हैं तो कल फिर से बात की जा सकती है, कोई अन्य प्रस्ताव सरकार ने नहीं दिया। 

एक और किसान नेता ने कहा कि सरकार द्वारा जो प्रस्ताव दिया गया था वो हमने स्वीकार नहीं किया। कृषि क़ानूनों को वापस लेने की बात को सरकार ने स्वीकार नहीं की। अगली बैठक के लिए अभी कोई तारीख तय नहीं हुई है। 
बैठक में आज भी कोई हल न निकलने से सोशल मीडिया पर कुछ लोगों का कहना है कि किसान नेताओं में कुछ लोग ऐसे भी हैं जिन्हे किसानों के हितों से कोई लेना-देना नहीं है। ये चाहते हैं कि आंदोलन लंबा चले ताकि केंद्र सरकार कमजोर हो। ट्विटर पर आज सुबह से #खालिस्तानी_मांगे_कुटाई ट्रेंड हो रहा है।

बालिका दिवस पर बेटियों को बचाने व पढ़ाने का संकल्प लें : DC, Faridabad

 फरीदाबाद, 22 जनवरी। उपायुक्त यशपाल ने कहा कि बेटियां हमारी आन बान व शान हैं। जिस घर में बेटियां होती हैं वहां हमेशा खुशियां होती हैं। ऐसे में हमें आज बालिका दिवस के अवसर पर बेटियों को बचाने व बेटियों को पढ़ाने का संकल्प लेकर आगे बढऩा होगा। उपायुक्त शुक्रवार को बाल भवन में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित राष्ट्रीय बालिका दिवस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।

उपायुक्त ने कहा कि हमने पिछले कुछ सालों में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के अंतर्गत बेहतरीन कार्य किया है। इसी का परिणाम है कि आज हमारा लिंगानुपात बेहतरीन हुआ है। उन्होंने कहा कि हमें बेटियों की गर्भ में हत्या करने वालों के खिलाफ सख्त रूख अपनाना होगा। कार्यक्रम का आरंभ आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के स्वागत गीत के साथ हुआ। सांस्कृतिक कार्यक्रम में बाल सरंक्षण इकाई के अंतर्गत बालिकाओं ने नृत्य की प्रस्तुति दी। बृज नट मंडली द्वारा महिला एवं बाल विकास की विभिन्न योजनाओं पोषण अभियान, तथा बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजनाओं को रंगारंग नाटक के रूप में कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया। उन्होंने बालिका दिवस मनाए जाने के लिए सभी खंडों से शिक्षा, खेल एवं विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्धियां प्राप्त करने वाली बालिकाओं को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी अनीता शर्मा, शकुन्तला रखेजा, अनीता गाबा, महिला एंव बाल विकास परियोजना अधिकारी मीरा, गीतिका, जिला संयोजक विकल, बाल संरक्षण अधिकारी गरिमा, वन स्टॉप केंद्र प्रशासिका मीनू तथा विभाग के सभी कर्मचारी एवं सुपरवाइजर ने भाग लिया।

पूर्व सैनिकों की आंदोलनकारी किसानों से मार्मिक अपील, स्थगित कर दें ट्रेक्टर मार्च

 

फरीदाबाद 22 जनवरी। राष्ट्र रक्षा मंच के माध्यम से सेवानिवृत सैनिकों ने किसानों से मार्मिक अपील करते हुए कहा कि राष्ट्रपर्व गणतंत्र दिवस में विघन न डालें। यह हमारे राष्ट्र की अस्मिता, हमारे स्वाभिमान एवं गौरव की अभिव्यक्ति का दिन है। पूर्व सैनिकों ने किसानों केे प्रस्तावित ट्रेक्टर मार्च को स्थगित करने की अपील की है। सभी पूर्व फौजियों की इस सामूहिक अपील में शहर के अधिवक्ता,समाजसेवी एवं कृषि विभाग के पूर्व अधिकारी भी शामिल हुए।

सेक्टर 12 स्थित टाउन पार्क में राष्ट्र रक्षा मंच के तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में सभी पूर्व सैनिक विशाल तिरंगें के नीचे एकत्रित हुए। राष्ट्र एकता के संकल्प पत्र के साथ इकट्ठा हुए फौजियों के साथ शहर के अधिवक्ता, समाजसेवी एवं कृषि विभाग के पूर्व अधिकारी, समाजसेवी भी शामिल हुए। राष्ट्र रक्षा मंच से जुडे सेवानिवृत कर्नल समर सिंह ने कहा कि गणतंत्र सभी देशवासियों के लिए गौरव का दिन होता है। यह हमारा राष्ट्रीय पर्व है। इसलिए भारत का प्रत्येक नागरिक अपने देश एवं उसकी अस्मिता के प्रति अत्यंत संवेदनशील है। राष्ट्र एवं राष्ट्रीय पर्वों का सम्मान करना प्रत्येक भारतीय का नैतिक कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि देश का किसान अन्न पैदाकर और जवान सीमा पर प्रहरी बनकर, व्यापारी, दुकानदार, मजदूर, साधु-संत, कलाकार, खिलाडी सभी अपने कर्तव्यों का अनुसरण करते हुए इस देश के लिए जीते एवं मरते हैं।सेवानिवृत कर्नल गोपाल ने कहा कि राष्ट्र से बडा कोई नही होता, राष्ट्र सर्वोपरि है। राष्ट्र रक्षा हित सभी वर्गो को मिलकर कार्य करना चाहिए। वरिष्ठ समाजसेवी एवं वैज्ञानिक गंगाशंकर मिश्र ने कहा कि भारतीय संविधान, सेना और देश की छवि को सम्मान देते हुए सभी गणतंत्र दिवस की गरिमा की रक्षा करें। खेत और किसान भारत की पहचान हैं।

इस अवसर पर वरिष्ठ समाजसेवी एवं वैज्ञानिक गंगाशंकर मिश्र, सेवानिवृत कर्नल ऋषिपाल सिंह, सुशील कुमार, गोपाल दत्त शर्मा, सेवानिवृत कर्नल देवेंद्र सिंह, सेवानिवृत कर्नल देवेंद्र चैधरी, सेवानिवृत कंमाडर बीरेश मुनी त्यागी, सेवानिवृत वारंट अफसर रोमाल सिंह, अजीत सिंह, सेवानिवृत विंग कमांडर सत्येंद्र दुग्गल, सेवानिवृत कैप्टन जयचंद, सेवानिवृत कमांडर ओमप्रकाश, सेवानिवृत हवलदार करतार सिंह, उमेश सिंह, राजेंद्र शर्मा एडवोकेट, एडवोकेट राजकुमार शर्मा, जगदीश भडाना, गौरव गर्ग कृषि मंत्रालय से सेवानिवृत अधिकारी ओ एस तोमर, करतार सिंह, डाॅक्टर आरएस शर्मा, इंद्र सिंह, आर के शर्मा, डीके मित्तल, विजय, जीपी सिंह, यूएस बौरा, रंजीत सिंह, प्रेमदत्त भारद्वाज सहित काफी संख्या में प्रमुख समाज सेवी एवं प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित थे।

26 जनवरी 2021 से तंबाकू-फ्री हो जाएंगे हरियाणा के सभी महाविद्यालय व विश्वविद्यालय

 

चंडीगढ़, 22 जनवरी- हरियाणा के सभी महाविद्यालय व विश्वविद्यालय आगामी 26 जनवरी 2021 से तंबाकू-फ्री हो जाएंगे। विद्यार्थियों को जागरूक करने के लिए संस्थानों के कैंपस में स्लोगन लिखे जाएंगे तथा नोडल ऑफिसर नियुक्त कर तंबाकू से होने वाले नुकसान के प्रति सचेत करने हेतु विभिन्न कदम उठाए जाएंगे। उक्त जागरूकता अभियान में हरियाणा का शिक्षा विभाग व स्वास्थ्य विभाग समन्वय स्थापित कर अहम भूमिका निभाएंगे।

 एक सरकारी प्रवक्ता ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि उच्चतर शिक्षा विभाग के महानिदेशक की ओर से प्रदेश के सभी राज्य विश्वविद्यालयों व प्राइवेट विश्वविद्यालयों के अलावा सभी सरकारी, एडिड व स्वयं वित्त पोषित महाविद्यालयों को निर्देश दिए गए हैं कि वे  अपने-अपने शैक्षणिक संस्थान को 26 जनवरी तक तंबाकू-फ्री कर दें और भविष्य में इसको बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।

किसान आंदोलन- 26 जनवरी को चप्पे-चप्पे पर तैनात रहेगी पुलिस- OP सिंह, पुलिस कमिश्नर. फरीदाबाद 

 

फरीदाबाद:पुलिस आयुक्त  ओपी सिंह ने सभी जोन के पुलिस उपायुक्त, सहायक पुलिस आयुक्त, थाना व चौकी प्रभारियों के साथ आयोजित बैठक में किसान आंदोलन व 26 जनवरी समारोह के चलते कानून व्यवस्था संबंधित आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि फरीदाबाद जिले की कानून व्यवस्था पूरी तरह से कायम है और अभी तक किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना घटित नहीं हुई है। पुलिस आगे भी सतर्कता से कार्य करती रहेगी और जिले की कानून व्यवस्था इसी प्रकार कायम रहेगी।

किसानों द्वारा संभावित ट्रैक्टर रैली के मद्देनजर  पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं और किसानों द्वारा किए जा रहे प्रदर्शन स्थलों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए फरीदाबाद में 25 मुख्य स्थानों पर नाके लगाकर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है ताकि जिले में किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को घटित होने से रोका जा सके। इसके साथ ही उन्होंने भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों और व्यस्त मुख्य मार्गों पर संदिग्ध प्रकार के व्यक्तियों पर निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि  जिले में  चप्पे-चप्पे पर  पुलिस देगी । 3500 से अधिक पुलिसकर्मी फील्ड में तैनात रहेंगे।

पुलिस अधिकारियों को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि हमें किसी भी प्रकार की परिस्थिति से निपटने के लिए तैयार रहना है और अपने दैनिक कार्यों के साथ-साथ शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखनी है।  

16 जनवरी को वैक्सीन लगवाने वाली महिला स्वास्थ्य कर्मी की संदिग्ध मौत, परिजनों ने उठाया सवाल

 

नई दिल्ली- पिछले साल मार्च से लेकर लगभग भी तक कोरोना कोहराम मचा रहा है। पिछले महीने से नए मामलों में काफी कमी आई है और ताजा जानकारी के मुताबिक़ देश में  लगातार सक्रिय मामले घट रहे हैं इसकी संख्या 1,88,688 है। रिकवरी मामलों की कुल संख्या 10,283,708 है और  रिकवरी रेट बढ़कर 96.78% हो गया है। पिछले 24 घंटे में COVID19 के 14,545 नए मामले आने के बाद कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या 1,06,25,428 हुई। 163 नई मौतों के बाद कुल मौतों की संख्या 1,53,032 हो गई है। देश में दो वैक्सीन बनीं और अब तक देश में कुल 10,43,534 लोगों को कोरोना वायरस की वैक्सीन लगाई जा चुकी है लेकिन बड़े सवाल ये उठ रहे हैं कि वैक्सीन लगवाने में मारामारी नहीं देखी जा रही है। 

पहले चरण में स्वास्थ्य कर्मियों को वैक्सीन लगाईं जा रही है और एक बड़े अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक़ लगभग 15 फीसदी स्वास्थ्यकर्मी बहाने बना रहे हैं और वैक्सीन नहीं लगवा रहे हैं। कोई जानबूझकर छुट्टी पर चला गया तो कोई अन्य बहाना बना रहा है। ऐसा शायद कुछ अफवाहों के कारण हो रहा है। 16 जनवरी को वैक्सीन लगवाने वालों में कुछ लोगों की मौत हुई जिसकी मौत वैक्सीन से नहीं हुई इसकी पुष्टि स्थानीय स्वास्थ्य विभाग द्वारा की जा चुकी है। अब हरियाणा से एक ऐसा मामला आ रहा है गुरुग्राम में आज  एक महिला स्वास्थ्य कर्मी की संदिग्ध हालत में मौत हुई है । 16 जनवरी को ही महिला को कोरोना वैक्सीन लगी थी। महिला के परिजनों ने मामले की शिकायत पुलिस को दी है। परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने महिला के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है।

अभी तक मिली जानकारी के  अनुसार, गुरुग्राम जिला स्वास्थ्य विभाग की महिला स्वास्थ्य कर्मचारी की शुक्रवार सुबह अचानक संदिग्ध हालत में मौत हो गई। महिला के परिजनों का आरोप है कि कोविड-19 वैक्सीन लगने के बाद महिला की मौत हुई है। परिजनों ने इस मामले की निष्पक्ष जांच के लिए न्यू कॉलोनी थाने में शिकायत दी है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने महिला के शव का पोस्टमॉर्टम मेडिकल बोर्ड से करवाया। आगे की कार्रवाई के लिए पुलिस को अब पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है। रिपोर्ट मिलने पर मौत के कारणों का पता चल पाएगा। हालांकि, इस घटना के बाद से स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी कुछ भी कहने से बच रहे हैं।

मृतक महिला के पति लाल सिंह सरोहा ने बताया कि उनकी पत्नी राजवंती (55) भांगरोला स्थित प्राथमिक चिकित्सा केंद्र में बतौर महिला हेल्थ विजिटर तैनात थीं। 16 जनवरी को उन्हें पीएचसी पर ही कोरोना वैक्सीन की डोज दी गई थी। महिला के परिजनों के मुताबिक महिला को पहले से किसी प्रकार की स्वास्थ्य संबंधी कोई दिक्कत नहीं थी। शुक्रवार सुबह महिला के नहीं उठने पर उनके पति लाल सिंह ने उन्हें आवाज लगाई, लेकिन उसके बाद भी वह नहीं उठीं। परिजनों ने महिला को हिलाया, तो भी वह नहीं उठी। इस पर परिजन उसे गाड़ी में मेदांता अस्पताल ले कर गए, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद महिला को मृत घोषित कर दिया।

परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने महिला के शव का पोस्टमॉर्टम कराया है। महिला के पति लाल सिंह का आरोप है कि वैक्सीन लगने के बाद ही उनकी पत्नी को कुछ हुआ है। उनकी पत्नी को इससे पहले किसी भी तरह की कभी स्वास्थ्य संबंधी कोई दिक्कत नहीं रही।  


CIA सेक्टर 17 टीम संदीप मोर ने अवैध नशा तस्कर को दबोचा

 फरीदाबाद: क्राइम ब्रांच सेक्टर 17 प्रभारी इंस्पेक्टर संदीप मोर व उनकी टीम ने अवैध नशा तस्कर आरोपी राजकुमार को थाना आदर्श नगर क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। अनाज मंडी बल्लबगढ़ में गश्त करते समय पुलिस टीम को एक व्यक्ति हाईवे की तरफ से आता दिखाई दिया और पुलिस टीम को देखकर इंजेक्शन का लिफाफा फेंक कर भागने लगा।

पुलिस टीम को आरोपी पर शक हुआ तो उसका पीछा करके उसे दबोचा गया तथा आरोपी द्वारा फेंके गए इंजेक्शन बरामद करके आरोपी से उसके बारे में पूछताछ की गई। आरोपी ने बताया कि यह इंजेक्शन वह त्रिखा कॉलोनी के पवन नाम के व्यक्ति से लेकर आया था और इसे अनाज मंडी में ₹200 एक इंजेक्शन के भाव से बेचता था। आरोपी राजकुमार पुत्र रणजीत बिहार के लखीसराय जिले का रहने वाला है जो फिलहाल त्रिखा कॉलोनी में किराए पर रह रहा था। आरोपी को अदालत में पेश करके जेल भेज दिया गया है।

सोशल मीडिया पर विधायकों, मंत्रियों , सांसदों को अपशब्द कहने वाले भेजे जाएंगे जेल 

 

नई दिल्ली- विधायक, सांसद, मंत्री अगर ठीक से काम नहीं करते हैं तो आलोचना का शिकार होते हैं और लोग सोशल मीडिया के माध्यम से ऐसे नेताओं की आलोचना करते हैं लेकिन अब बिहार में ऐसा नहीं चलेगा। नेताओं की आलोचना करने वालों पर मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया जाएगा। 

आर्थिक अपराध इकाई के एडीजी नैयर हसनैन खान ने इस बारे में सभी विभागों के प्रधान सचिव और सचिव को चिट्ठी लिखी है। खत में बताया गया है कि अगर आपके विभाग में इस तरह का मामला सामने आता है तो आर्थिक अपराध इकाई को इसकी विस्तृत सूचना दी जाए ताकि दोषियों पर उचित कार्रवाई की जा सके। आर्थिक अपराध इकाई साइबर अपराध की नोडल एजेंसी है। सोशल मीडिया पर अश्लीलता, साइबर बुलिंग, साइबर उत्पीड़न जैसे मामले आर्थिक अपराध इकाई के तहत आते हैं।

इस आदेश के बाद सोशल मीडिया पर सीएम नितीश कुमार को लोग तानाशाह बता रहे हैं। 

हरियाणा पुलिस ने गुरुग्राम मे सरकारी जमीन बेचने वालों का किया पर्दाफाश

Chandigarh - हरियाणा पुलिस ने गुरुग्राम जिले में सरकार द्वारा ’अधिग्रहित’ की हुई 2 एकड जमीन फर्जी तरीके से एक निजी कंपनी को बेचकर सरकारी खजाने को करोड़ो रुपये का नुकसान पहुंचाने वालों को पर्दाफाश करते हुए दो अधिवक्ताओं सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) हरियाणा,  मनोज यादव ने   जानकारी देते हुए बताया कि इस्लामपुर गांव की 2 एकड़ भूमि, जो 1993 में हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) द्वारा अधिग्रहित की गई थी, को फर्जी व जाली दस्तावेजों और गवाहो के आधार पर एक निजी कंपनी को दो करोड़ रुपये में बेच दिया गया था। मामले में गिरफतार किए गए मास्टरमाइंड गाँव झाड़सा निवासी रोहित ठाकरान और गाँव इस्लामपुर के अजय चौधरी ने मूर्ति देवी, लक्ष्मी देवी और बाला देवी के नाम पर अन्य औरतें दिखा उनकी 2 एकड़ पैतृक संपत्ति फर्जी गवाहों को दिखाकर अजय के नाम पर हस्तांतरित करवा दी।

उन्होंने बताया कि इस मामले मे शिकायत के आधार पर कार्रवाई करते हुए स्टेट क्राइम ब्रांच (गुरुग्राम यूनिट) ने 18.01.2021 को मास्टरमाइंड रोहित ठाकरान और 21.01.2021 को असली मालिकों की पहचान करने वाले गवाह एडवोकेट चमन लाल अरोड़ा और एडवोकेट सुभाष चंद अरोड़ा को गिरफतार कर लिया।मामले में आगे की जांच की जा रही है तथा अन्य आरोपियों को शीघ्र गिरफतार किया जाएगा।

गौरतलब है कि मास्टरमाइंड रोहित ठाकरान ने निजी तौर पर पटवारी का काम सीखा था और वह अधिग्रहित जमीन के बारे में पूरी तरह से वाकिफ था। आरोपी रोहित ठाकरान पहले भी लड़ाई-झगड़े, शराब तस्करी जैसे कई मामलों में लिप्त रहा है और उसका सहयोगी आरोपी अजय चौधरी वर्ष 2006 में राजस्थान पुलिस के कांस्टेबल को गोली मारकर हत्या करने में शामिल रहा है। यादव ने डीजीपी क्राइम मोहम्मद अकील और उनकी टीम को इस मामले में कड़ी जाँच के लिए बधाई भी दी ।