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फरीदाबाद को हमेशा के लिए अलविदा कह गए कांग्रेस के ओझा, पूरे शहर में शोक की लहर 


फरीदाबाद, 11 नवम्बर। फरीदाबाद में कांग्रेस पार्टी के लगातार कई दशकों तक जिलाध्यक्ष रहे व कांग्रेस के भीष्म पितामह कहे जाने वाले बीआर ओझा का सोमवार की सुबह निधन हो गया। वह करीब 85 साल के थे। उन्होंने अंतिम सांस आज सुबह फरीदाबाद के फोर्टिस एस्कार्ट अस्पताल में ली। रविवार को तबीयत खराब हो जाने के चलते उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। श्री ओझा के निधन से शहर में शोक की लहर दौड़ गई। उनके कांग्रेस ही नहीं तमाम राजनीतिक दलों के नेताओं के बहुत करीबी संबंध रहे थे और उनके सभी से पारिवारिक रिश्ते थे। उन्होंने दलगत राजनीति से ऊपर उठकर सामाजिक क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य किए थे। सोमवार की सुबह उनके निधन का समाचार आया तो उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए उनके सेक्टर.19 स्थित निवास पर लोगों का तांता लग गया। उनका अंतिम संस्कार नहरपार खेड़ी पुल स्थित स्वर्ग आश्रम में किया गया। श्री ओझा को मुखाग्नि उनके पुत्र राजन ओझा ने दी।

प्रदेश कांग्रेस की अध्यक्ष कुमारी सैलजा ने श्री ओझा को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि ओझा जी कांग्रेस के स्तम्भ थे, वह हमेशा ही सबको साथ लेकर चलते थे और उनकी यही खासियत थी। आज ऐसे नेताओं की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि उनके बताए हुए रास्ते पर चलना ही उनको सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस मौके पर विधायक सीमा त्रिखा, मूलचंद शर्मा, नरेंद्र गुप्ता, नीरज शर्मा, आफताब अहमद, पूर्व विधायक आनंद कौशिक, पूर्व मुख्य संसदीय सचिव  एवं बल्लबगढ़ की दो बार विधायक रह चुकीं  शारदा राठौर, युवा कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष जे.पी. नागर, लखन सिंगला, विवेक प्रताप, मनोज नागर, योगेश गौड़, सुमित गौड़, अशोक अरोड़ा, मुकेश शर्मा, राजेन्द्र भामला, योगेश ढींगड़ा, गौरव ढींगड़ा, एडवोकेट राजेश खटाना, सुनील डांगी  सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित थे। 

गौरतलब है कि बीआर ओझा ने पूर्व प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरु, श्रीमती इंदिरा गांधी, राजीव गांधीए नरसिम्हा राव के साथ.साथ मौजूदा कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी के साथ उन्होंने लगातार पार्टी में सक्रिय रूप से काम किया। वे पूर्व मुख्यमंत्री स्व. भजनलाल व बंसीलाल के खासमखास माने जाते थे वहीं मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष कुमारी शैलजा के पिता चौधरी दलवीर सिंह के साथ भी वह पार्टी के जिलाध्यक्ष रहे। श्री ओझा पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पिता रणवीर हुड्डा को अपना राजनीतिक गुरु मानते थे।  बीआर ओझा की केंद्रीय मंत्री रहे बीरेंद्र सिंह भी पूरी इज्जत करते थे। वर्ष 1993 में सूरजकुंड में आयोजित हुए कांग्रेस के अधिवेशन के इंचार्ज ओझा ही थे और कुछ समय वह प्रदेश कांग्रेस सेवादल के चेयरमैन व प्रदेश के संगठन मंत्री के पद भी रहे। श्री ओझा ने कभी भी जात बिरादरी में विश्वास नहीं किया लगातार वह 50 साल ओल्ड फरीदाबाद वाली मजार के प्रधान भी रहे। श्री ओझा के निधन पर  सभी राजनीतिक दलों  सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों ने गहरा शोक व्यक्त किया है तथा उनके निधन को फरीदाबाद शहर के लिए अपूरणीय क्षति बताया। 

इस मौके पर बलजीत कौशिक, अनीशपाल, गुरुदत्त, टोनी पहलवान, बसंत खट्टक, एमएल ऋषि, अश्विनी त्रिखा, राजेश आर्य, मुनेश शर्मा, मुकेश डागर, सतबीर डागर, धर्मदेव आर्य, संजय सोलंकी, रामजीलाल, अनिल पार्षद, परमजीत गुलाटी, मदनलाल आजाद, महीपाल आर्य सरपंच, मुकेश शर्मा, कवि दिनेश रघुवंशी, आरके चिलाना, अशोक रावल, रतिराम पाहट, कविन्द्र फागना, , गौरव चौधरी, हरजीत सिंह सेवक, सरदार सुखदेव सिंह, कर्नल महेंद्र सिंह बीसला सहित शहर के विभिन्न सामाजिक संगठनों से जुड़े हजारों गणमान्य लोग मौजूद थे।

फरीदाबाद के हर्षवर्धन चतुर्वेदी ने शेक्सपियर के हैमलेट में निभाया भावविभोर कर देने वाला किरदार


फरीदाबाद। दुनिया के जाने माने प्रसिद्व लेखक विलियम शेक्सपियर द्वारा लिखे गये नाटक हैमलेट में जे सी बाॅस वाईएमसीए विश्वविद्यालय से एम ए जर्नलिज्म कर रहे विद्यार्थी हर्षवर्धन चतुर्वेदी ने होरेशियो का किरदार निभाकर सभी का मन जीत लिया, हैमलेट का मंचन नई दिल्ली के मंडी हाउस स्थित एलटीजी सभागार में किया गया, इस त्रासदी के नाटक को मेडवन थियेटर कंपनी ने प्रस्तुत किया। जिसके निर्देशक एवं निर्माता सैफ अंसारी रहे जिन्होंने हैमलेट का मुख्य किरदार निभाया। जिनका पहला निर्देशन भी था, विलियम शेक्सपियर द्वारा अंग्रेजी में लिखा गया ये नाटक हिंदी में लोगों के सामने प्रस्तुत किया गया।
होरेशियो का किरदार निभाने वाले फरीदाबाद के हर्षवर्धन चतुर्वेदी पिछले 5 सालों से थियेटर कर रहे हैं, इससे पहले ब्लडी बाॅम्बे, सूरज का सातवां घोड़ा, शिफ़ा द हीलिंग, रक्त कल्यांण और एक और द्रोणाचार्य जैसे प्रसिद्ध नाटकों में कई किरदार निभा चुके हैं। फरीदाबाद से हर्षवर्धन के साथ मनीष शर्मा भी पोलोनियस के किरदार में नज़र आये। मनीष शर्मा श्री राम सेंटर की रैप्ट्ररी में कार्यरत हैं। इन्होंने तुग़लक, प्रेम कबूतर, अग्नि और बर्खा जैसे बहुचर्चित नाटकों में अभिनय किया हैं।
निर्देशक एवं निर्माता सैफ अंसारी ने बताया कि उनकी यह पहला निर्देशन था जो कि बहुत अच्छा रहा उन्होंने लगातार हैलेट के 3 शो किए जिसमें तीनों शो ही हाउसफुल रहे। वहीं थियेटर देखने पहुंचे रंगमंच के प्रेमियों ने नाटक में कलाकारों के अभिनय को सराहते हुए कहा कि उन्हें नाटक उन्हें बहुत अच्छा लगा, पीवीआर में फिल्म देखना और थियेटर में नाटक देखना बहुत अलग है, उन्हें लगता है कि बिना रीटेक नाटक में परफोर्मेंस करना बहुत अच्छी कला है।
त्रासदी के प्रसिद्ध हैमलेट नाटक में मंच पर निर्देशक एवं निर्माता सैफ अंसारी, आशुतोष सिंह राठौड़, वैभवी जांगिड़, मनीष शर्मा, करिश्मा मान, आदित्या शर्मा, राहुल जांगड़ा, विपिन कुमार, आलोक उमेश, आशीष शर्मा, दीक्षा, देवराज और हर्षवर्धन चतुर्वेदी सहित तमाम कालाकारों ने अपने अपने अभिनय से सभी को अश्चर्यचकित कर दिया।
आपको बता दें कि शेक्सपियर का एक दुरूखांत नाटक हैमलेट है, जिसका अभिनय सर्वप्रथम सन् 1603 ई. तथा प्रकाशन सन् 1604 ई. के समय हुआ था। सर्वप्रथम इसका मंचन 1609 में किया गया।

भाजपा पर भारी पड़ेगी चालाकी- टीम खट्टर पर कभी भी फूट सकता है राजनीतिक बम 


नई दिल्ली: कांग्रेस हरियाणा में भाजपा से कम सीट सत्ता से दूर है तो महाराष्ट्र में भाजपा से कम सीट पाकर सत्ता की नकेल अपने हाँथ में ले रही है। अब महाराष्ट्र की शिव सेना-एनसीपी सरकार को कांग्रेस की हर बात उसी तरह से माननी पड़ेगी जैसे हरियाणा में खट्टर को को दुष्यंत की। हरियाणा भाजपा अब दुष्यंत को शायद ही आँख दिखा सके और जिस दिन दिखाएगी उसी दिन सब चौपट हो जाएगा। सरकार गिर जाएगी। महाराष्ट्र भाजपा को लगता है कि वहां शिव सेना और एनसीपी की सरकार ज्यादा समय तक नहीं चल पाएगी तो हरियाणा में कांग्रेस को लगता है कि खट्टर-दुष्यंत की सरकार भी ज्यादा समय तक नहीं चल सकगी। 

हरियाणा में जजपा को 10 सीटें इसलिए मिलीं क्यू कि दुष्यंत लगातार खट्टर सरकार के खिलाफ बोलते रहे और उन्होंने कई घोटालों का जिक्र किया लेकिन चुनावों के बाद उन्होंने भाजपा से हाथ मिला लिया। प्रदेश में भाजपा जजपा की सरकार बन गई। कांग्रेस को लगता है कि हरियाणा में मध्यावधि चुनाव होंगे क्यू कि भाजपा जजपा को आगे नहीं बढ़ने देगी और दुष्यंत इसी बात पर भाजपा से समर्थन वापस लेंगे। 

महाराष्ट्र की बात करें तो शिव सेना और भाजपा ने कांग्रेस और एनसीपी के खिलाफ बोलकर अधिकतर सीटें जीती लेकिन अब शिव सेना कांग्रेस और एनसीपी को साथ लेकर सरकार बना रही है और वहां भाजपा नेताओं का कहना है कि ये सरकार ज्यादा समय तक नहीं चल सकेगी। 

अब फिर आते हैं हरियाणा पर और यहाँ एक अलग ही खिचड़ी पक रही है। सूत्रों की मानें तो चुनावों के पहले जिन कांग्रेसी और इनेलो नेताओं सहित अन्य पार्टियों के नेताओं ने  भाजपा का दामन थामा था उनमे से कइयों कइयों को टिकट नहीं मिली तो जिन्हे टिकट मिली उनका कहना है कि भाजपा ने हमारा साथ नहीं दिया। ऐसे में ये नेता समय का इंतजार कर रहे हैं और समय आने पर इनमे से कई नेता बड़ा वाला बम फोड़ेंगे और हरियाणा अब तक अपने सूत्रों की बात करे तो इन नेताओं का बड़ा वाला बम भाजपा के लिए काफी घातक साबित होगा। 
फ़िलहाल ये नेता इन्तजार कर रहे हैं कि भाजपा सरकार उन्हें क्या देती है। टिकट नहीं दिया तो कोई पद या मिल जाये। इस पर भी कुछ नेता संतुष्ट हो सकते हैं। किसी को उम्मीद है कि उन्हें किसी न किसी विभाग के चेयरमैन के काबिल तो समझा ही जायेगा। 
इन नेताओं ने से कई पिछले कार्यकाल में विधायक थे तो कई पूर्व विधायक और कई नेता कई-कई बार विधायक और मंत्री भी रह चुके हैं। हरियाणा अब तक को अपने बारीकी सूत्रों से पता चला है कि कई नेताओं को कुछ अश्त्र मिल चुके हैं और ये अश्त्र भाजपा के लिए घातक साबित होंगे। विधानसभा चुनावों से एक या दो महीने पहले भाजपा में शामिल होने वाले दूसरे दलों के नेता बड़े-बड़े भाजपा नेताओं के साथ देखे गए। इन नेताओं को भाजपा के अंदर की बात पता चल गई है। 
भाजपा की टिकट कैसे मिलती है प्रदेश के दर्जनों नेताओं को ये बात पता चल चुकी है। हरियाणा अब तक अपने सूत्रों की मानें तो अभी ये तमाम नेता कुछ माह तक इंतजार करेंगे। अगर भाजपा इन्हे खुश करती है तो ये खामोश रहेंगे। अगर इन्हे नजर अंदाज किया जायेगा तो ये नेता एक-एक करके बम फोड़ना शुरू कर देंगे। बम बड़े वाले होंगे। टीम खट्टर झेल नहीं पाएगी। इन नेताओं को भाजपा में शामिल करवाना और इन्हे नजरअंदाज करना भाजपा पर बहुत भारी पड़ेगा क्यू कि ये नेता भाजपा में शामिल होकर बहुत बड़ा राज जान चुके हैं। इनमे से कई नेताओं ने हरियाणा अब तक को नाम न लेने की शर्त पर बताया कि हमारे साथ बहुत बड़ा छल कपट किया गया है। उसकी भरपाई न की गई तो हम ऐसा बम फोड़ेंगे कि? 
कई आरएसएस और भाजपा के बड़े नेता किसी को मुँह दिखाने के लायक नहीं रहेंगे। 
आपको बता दें कि चुनावों के कई महीने पहले हरियाणा भाजपा ने नारा दिया कि अबकी बार 75 पार, मीडिया में इसे जोर शोर से चलवाया गया जिसे देख दूसरी पार्टियों के दर्जनों विधायक और तमाम पूर्व विधायक भाजपा में भर्ती हो गए लेकिन टिकट वितरण के समय कइयों को झुनझुना बजाने को दे दिया गया। इनमे से तमाम नेता अगर अपनी पार्टी में रहकर चुनाव लड़ते तो चुनाव जीत सकते थे लेकिन झांसे में आ गए। अब इन्हे बहुत कुछ पता चल चुका है। इन्हे पता चल चुका है कि दुबारा सत्ता पाने के लिए भाजपा ने छल कपट किया है। इन नेताओं का कहना है कि छल कपट न किया जाता और हम लोग अपनी पार्टी में रहते तो हरियाणा भाजपा 20 सीटों का आंकड़ा भी नहीं पार कर सकती थी। 

ठाकरे ने मार ली शिव सेना के पैरों पर कुल्हाड़ी, आगे राह काँटों भरी


नई दिल्ली- इस दुनिया में अगर सब कुछ संभव है तो राजनीति के क्षेत्र में संभव है। कुर्सी के लिए बड़े-बड़े दुश्मन दोस्त बनते देखे गए हैं और देखे जा रहे हैं। महाराष्ट्र में अब शिव सेना और एनसीपी की सरकार बनने जा रही है और कांग्रेस बाहर से सरकार का समर्थन करेगी। उद्धव ठाकरे की अगुवाई में शिवसेना नेताओं ने कुछ देर पहले राज्यपाल से मुलाकात की है।  कांग्रेस और शिव सेना की विचारधारा हमेशा अलग रही है इसलिए राजनीतिक जानकारों का कहना है कि शिव सेना अपने पैरों पर कुल्हाड़ी मार रही है और अब पार्टी खात्मे के तरफ बढ़ चुकी है।
आपको बता दें कि महाराष्ट्र में पंद्रह दिन पहले विधानसभा चुनाव के नतीजे आए तो बीजेपी और शिवसेना को स्पष्ट बहुमत मिला था।  लेकिन, मुख्यमंत्री पद पर शिवसेना के अड़ जाने के चलते बीजेपी ने महाराष्ट्र में सरकार बनाने के कदम को पीछे खींचकर शिवसेना को सरकार गठन का मौका दे दिया है।  ऐसे में शिवसेना अपने धुरविरोधी कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर सरकार बनाने जा रही है  इससे बीजेपी को लगता है कि कांग्रेस-एनसीपी के साथ शिवसेना का सफर बहुत लंबा नहीं चल सकेगा, क्योंकि विचारधारा के स्तर पर एक दूसरे के धुर-विरोधी रही हैं।
महाराष्ट्र में शिवसेना उग्र हिंदुत्व, मुसलमान विरोध और पाकिस्तान पर हमलावर विचारधारा को लेकर चली थी, बीजेपी उससे ज्यादा उग्र तेवर अपनाकर और नरेंद्र मोदी और अमित शाह जैसे नेताओं को आगे करके शिवसेना के सामने बड़ी लकीर खींच चुकी है।  महाराष्ट्र में शिवसेना का बालासाहेब ठाकरे के दिनों वाला जलवा खत्म हो चुका है।  इसी का नतीजा था कि 2019 के विधानसभा चुनाव में गठबंधन में बीजेपी को 164 और शिवसेना को 124 सीटों पर किस्मत आजमानी पड़ी। अब शिव सेना जिस रास्तें पर चल रही है वो रास्ता उसके लिए घातक साबित हो सकता है। भाजपा नेताओं को उम्मीद है कि ये सरकार ज्यादा समय तक नहीं चल सकेगी और महाराष्ट्र में मध्यावधि चुनाव हो सकते हैं और उस समय शिव सेना के पास कोई मुद्दा नहीं होगा। जिनके खिलाफ बोलकर शिवसेना यहाँ तक पहुँची है अब उन्ही से मिलकर सरकार बना रही है। सोशल मीडिया पर उद्धव ठाकरे को जमकर लोग लताड़ रहे हैं।
बाला साहेब ठाकरे के वीडियो वाइरल होने लगे हैं जिसमे उन्होंने कांग्रेस को बहुत कुछ कहा था। उन्होंने कहा था कि हिजड़े झुकाते हैं सोनिया गांधी के सामने सिर? आज उद्धव ने सोनिया को फोन किया, बड़ी फजीहत शुरू हो गई है। ये वीडियो देखें

आज सीएम के फोन का इंतजार कर रहे हैं हरियाणा के ये नेता


चंडीगढ़: हरियाणा के कई विधायक आज दोपहर से अपने फोन को अपने हाथ से दूर नहीं कर रहे हैं। उन्हें उम्मीद है कि आज ही चंडीगढ़ से उन्हें फोन आ सकता है और कहा जा सकता है कि चंडीगढ़ पहुंचो, मंत्रिपद की शपथ लेने। सूत्रों की मानें तो कल ही हरियाणा मंत्रिमंडल का विस्तार हो सकता है। जिन विधायकों को मंत्री पद दिया जाना है, उनको आज चंडीगढ़ पहुंचने का न्योता मिलेगा। क्योंकि राजभवन में इनको शपथ दिलाई जाएगी।  8 या 9 मंत्रियों को भी शपथ दिलाई जा सकती है। बाद में मंत्रिमंडल का एक और विस्तार हो सकता है।
जिन नेताओं के हाथ से फोन दूर नहीं हो रहा है उनमे ये नेता प्रमुख हैं। 

पूर्व मंत्री अनिल विज, पूर्व विधानसभा स्पीकर कंवरपाल गुर्जर, पूर्व मंत्री डॉ. बनवारी लाल और  अभय सिंह यादव सीम के  फोन का इंतजार है जबकि  बल्लभगढ़ के भाजपा विधायक  मूलचंद शर्मा, बड़खल से सीमा त्रिखा, पलवल से दीपक मंगला, हिसार से डाॅ. कमल गुप्ता व सुधीर सिंगला भी अपना फोन अपने हाथ से दूर नहीं कर रहे हैं। 
 जेपी दलाल, महीपाल ढांडा, कमलेश ढांडा के अलावा निर्मल चौधरी रानियां से  निर्दलीय विधायक रणजीत सिंह और महम के विधायक बलराज कुंडू  घरौंडा से दूसरी बार विधायक बने हरविंद्र कल्याण,  रामकुमार गौत्तम, गुहला से विधायक ईश्वर सिंह और उकलाना विधायक अनूप धानक भी चंडीगढ़ से सीएम  के फोन का इन्तजार कर रहे हैं।

भगवान परसुराम आर्मी के गठन का एलान 


फरीदाबाद- भगवान परशुराम आर्मी के गठन की मीटिंग बल्लभगढ़ के सिटी पार्क में धूमधाम से संपन्न हुई, उपस्थित सभी सदस्यों ने अपने विचार और कार्यसमिति एजेंडे पर चर्चा कर प्रस्ताव तैयार किया। भगवान परसुराम आर्मी समाज पर हो रहे अत्याचारों और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाएगी और समाज के जरुरतमंदो को यथासंभव सहायता हेतु प्रयासरत रहेगी। इस मौके पर परशुराम आर्मी के संयोजक दीपक गौड ने कहा कि ब्राह्मण समाज के योग्य व प्रतिभाशाली युवा आरक्षण के कारण एडमिशन और नाकरी में 90 प्रतिशत अंक लाकर भी चयनित नहीं हो पा रहे हैं,  इसलिए ब्राह््मणों के लिए अलग से 25 प्रतिशत आरक्षण की मांग, ब्राह्मण आयोग का गठन जैसे मुददेे भी शामिल  किए गए हैं। दीपक गौड ने कहा कि संगठन का विस्तार पूरे भारत में किया जाएगा। समाज का अगर कोई भाई या परिवार झूठे एससी एसटी के मुकददमें में फंस जाता है तो संगठन उसकी यथासंभव मदद व वकील आदि की  व्यवस्था करेगा। 

उन्होंने कहा कि संगठन को मजबूत करने के लिए तहसील स्तर पर भी कमेटियों का गठन किया जाएगा और सभी जिलों की कार्यकारिणी बनाकर वैबसाईट के माध्यम से एक दूसरे से जोडा जाएगा। समाज के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर तलास किए जाएंगे, उनकी योग्यतानुसार कंपनियों में नोकरी लगवाना संगठन की प्राथमिकता रहेगा। इस बैठक में सर्वसम्मिती से परशुराम आर्मी की अगली मीटिंग जिला पलवल के ओमेक्स सिटी के सामने, मेन हाईवे, पलवल में आगामी 1 दिसंबर, दिन रविवार को सुबह 11 बजे होनी तय हुई है। बैठक में दीपक गौड के अलावा संजय शर्मा, प्रताप शर्मा, श्रीमति राजबाला शर्मा, मनीष कौशिक, अंकित पंडित, मन्नू दादा, एडवोकेट बुद्धदेव व्यास, लक्की गौड, कुनाल वशिष्ठ, ब्रह्म दत्त शर्मा, राहुल मिश्रा, जय भारद्वाज, राकेश भारद्वाज, संजय सहाय, दीन दयाल शर्मा, जितिन शर्मा व मनोज पाठक सहित संेकडों गणमान्य लोगों ने अपने विचार रखे।

3 दिन में 5 लोगों की हत्या, फरीदाबाद के CP पर उठने लगी उंगली 


फरीदाबाद: तीन दिनों के अंदर फरीदाबाद में पांच लोगों की ह्त्या से शहर में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। शहर के लोग फिर खुद को असुरक्षित मान रहे हैं। सेक्टर 7 में चार लोगों की हत्या के बाद आज सेक्टर 21 निवासी जतिन कथूरिया की गोली मारकर हत्या कर दी गई और हमलावरों ने जिस तरह सीएनजी गैस पंप पर जतिन को गोली मार फरार हो गए उससे कई सवाल उठने लगे हैं। कहा जा रहा है जतिन के हत्यारे सुपारी किलर हैं और जतिन की पत्नी ने सुपारी किलर से जतिन की हत्या करवाई है। पुलिस को शुरुआती शक जतिन की पत्नी पर ही है।
 कहा जा रहा है कि जतिन का अपने पत्नी के साथ झगड़ा चल रहा था और अदालत में डायवोर्स का केस भी चल रहा था। और अभी इस केस की जांच जारी है। पुलिस अधिकारी कुछ भी खुलकर बोलने से कतरा रहे हैं। बताया गया है कि मरने वाले जतिन की पत्नी किसी सैलून में नौकरी करती है।

आपको बता दें कि सेक्टर-21 ए निवासी जतिन सोमवार सुबह करीब साढ़े 10 बजे अपने होंडा सिटी कार में सवार हो नेशनल हाईवे नंबर 2 पर मेवला महाराजपुर स्थित सीएनजी पम्प पर पहुंचा था। वह सीएनजी भरवाने के लिए रुका। गाड़ी से उतरकर वह पास ही खड़ा था कि पीछा कर रहे बाइक पर सवार दो बदमाशों में से एक करीब आया और उसने गोली चला दी। इस दौरान जतिन ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, वहीं वारदात को अंजाम दे दोनों बदमाश मौके से फरार हो गए।
पुलिस का कहना है कि क्राइम ब्रांच की टीम जल्द इस हत्या की गुत्थी सुलझा लेगी और हत्यारे ज्यादा समय तक खुली हवा में सांस नहीं ले सकेंगे। शहर में इस तरह की हत्याओं से शहर के लोग दहशत में हैं। फरीदाबाद के पुलिस कमिश्नर पर भी अब सवाल उठने लगे हैं। अनशनकारी बाबा राम केवल का वीडियो देखें 

नायब तहसीलदार ने लगाया इनेलो नेता पर जान से मारने की धमकी देने का आरोप


फरीदाबाद। नगर निगम के नायब तहसीलदार जगत सिंह ने इनेलो के बडखल विधानसभा क्षेत्र के प्रत्याशी एवं युवा जिलाध्यक्ष अजय भड़ाना सहित उनके दो सहयोगियों पर कार्यालय में जाकर उन्हें जान से मारने की धमकी देने के आरोप लगाते हुए पुलिस चौकी में शिकायत दी है। फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। नायब तहसीलदार जगत सिंह ने बताया कि अजय भड़ाना व उसके दो सहयोगियों ने उनके कार्यालय में आकर उनसे न केवल दुव्र्यवहार किया बल्कि एक जमीन के मामले में उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए अंजाम भुगतने की धमकी दी। नायब तहसीलदार ने आरोप लगाया कि उन्होंने मेरे खिलाफ कई आरटीआई व सीएम विंडो में शिकायतें भी लगाई है। इस बारे में नायब तहसीलदार जगत सिंह ने बताया कि गांव लक्कडपुर में नगर निगम की सरकारी जमीन है, जिस पर अजय भड़ाना के परिजनों व निगम का अदालत में मामला विचाराधीन है। इस मामले को लेकर अजय भड़ाना व उसके भाई उनके कार्यालय में आए थे और उन्होंने इस जमीनी कार्यवाही में मदद की बात कही थी परंतु जब उन्होंने मना कर दिया तो उन्होंने मुझे अंजाम भुगतने की धमकी दी, जिसको लेकर उसने थाना एसजीएम नगर में शिकायत दे दी है।

 वहीं थाना एसजीएम एसएचओ का कहना है कि उन्हें शिकायत मिली है, जिसकी जांच की जा रही है और जो उचित कार्यवाही होगी की जाएगी। वहीं अजय भड़ाना ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि गांव लक्कडपुर में इस जमीन से व जमीन के कुछ हिस्सा से, जो कि एक बिल्डर के कब्जे में है, उससे संबंधित उनके द्वारा लगाई गई कुछ आरटीआई से बौखलाकर उनकी छवि खराब करने के लिए उनके खिलाफ शिकायत दी गई है। इस शिकायत के खिलाफ उनके परिजनों ने पुलिस आयुक्त, निगमायुक्त, डीसीपी एनआईटी, सीएम विंडो, डीजीपी हरियाणा को शिकायत भेज मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इसके अलावा वह इस मामले को लेकर अदालत में भी जाएंगे और जहां तक उनके भाईयों की बात है तो वह नगर निगम नहीं गए ही नहीं है।

महाराष्ट्र में बह सकती है उलटी गंगा


नई दिल्ली: भाजपा के सरकार बनाने से मना करने के बाद महाराष्ट्र में हलचल तेज हो गई है। आज कांग्रेस, एनसीपी सहित शिव सेना की भी बैठक हो रही है। कहा जा रहा है कि शिव सेना कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर सरकार बनाएगी। सोशल मीडिया पर कहा जा रहा है कि महाराष्ट्र में अब उलटी गंगा बहेगी क्यू कि शिव सेना  कांग्रेस में पहली बार एक हो सकते हैं। शिवसेना राज्य में सरकार बनाने के लिए एनसीपी और कांग्रेस से समर्थन ले सकती है। 

मालूम हो  कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (55 विधायक) और कांग्रेस (44 विधायक) से बाहर से समर्थन हासिल कर सकती है।  एनसीपी और कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि कि उनका समर्थन इस शर्त पर होगा कि शिवसेना-बीजेपी के साथ अपना गठबंधन खत्म कर दे।  साथ ही यह शर्त भी रखी कि शिवसेना के केंद्रीय मंत्रिमंडल में उसके एकमात्र मंत्री अरविंद सावंत इस्तीफा दे दें। अब शिवसेना कोटे से मोदी सरकार में मंत्री अरविंद सावंत ने  इस्तीफा देने का ऐलान कर  दिया है और कहा जा रहा है कि भाजपा और शिव सेना का पुराना गठबंधन आ टूट जाएगा जिसके बाद महाराष्ट्र में उलटी गंगा बहने लगेगी।सोशल मीडिया पर लोगों का क्या कहना है पढ़ें 

कल या परसों हो सकता है हरियाणा मंत्रिमंडल का विस्तार


चंडीगढ़: हरियाणा मंत्रिमंडल के विस्तार की रूपरेखा कल नई दिल्ली में तय हो चुकी है। सीएम मनोहर लाल एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की मुलाक़ात के बाद ये तय हो गया है कि किन विधायकों की किस्मत खुलेगी लेकिन नामों का खुलासा नहीं किया गया है। प्रदेश के राज्यपाल इन दिनों बिहार गए हैं और उनकी वापसी का इन्तजार किया जा रहा है। माना जा रहा है कि कल या परसों उनकी वापसी होगी और उनके आते ही मंत्रिमंडल का विस्तार कर दिया जाएगा। 

कौन बनेगा मंत्री इस पर अभी संशय बरकरार है लेकिन सूत्रों की मानें तो  अनिल विज, कंवरपाल गुर्जर, डा. अभय सिंह यादव, डा. बनवारी लाल शामिल हैं। इसी तरह से बल्लभगढ़ से विधायक मूलचंद शर्मा ब्राह्मण कोटे से, बड़खल की विधायक सीमा त्रिखा महिला  कोटे से, वैश्य कोटे से दीपक मंगला, डा. कमल गुप्ता व सुधीर सिंगला लॉबिंग कर रहे हैं।
 भाजपा के जाट कोटे से महीपाल ढांडा, जेपी दलाल, कमलेश ढांडा और निर्मल चौधरी में से किसी एक का दांव लग सकता है। इसी तरह से निर्दलीयों में पार्टी रानियां से निर्दलीय विधायक चौधरी रणजीत सिंह और महम के विधायक बलराज कुंडू में से किसी एक का नंबर लग सकता है। दूसरी ओर जजपा के कोटे से पंडित रामकुमार गौतम, गुहला से विधायक डा. ईश्वर सिंह तथा उकलाना विधायक अनूप धानक के नाम की चर्चा है।

SPS: राम मंदिर के लिए थैंक्स, अब देश में राम राज्य भी लाओ मोदी जी वरना गहरे पानी में डूबेगी भाजपा की भैंस 


नई दिल्ली: केंद्र की भाजपा सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल में महज 7 महीने में अपनी लिस्ट के तीन बड़े एजेंडे को लगभग पूरा कर लिया। तीन तलाक बिल, फिर जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 का हटाना और अब राम मंदिर का रास्ता भी साफ़ हो गया। भाजपा का अगला एजेंडा क्या होगा अब इस पर चर्चाएं चलने लगी हैं। कुछ लोगों का  कहना है कि अब शायद मथुरा और काशी का मुद्दा उभरेगा। हालांकि भाजपा नेतृत्व की ओर से साफ संकेत है कि उसके लिए फिलहाल यह एजेंडा नहीं है। ध्यान रहे कि राम मंदिर को लेकर भी भाजपा संवैधानिक दायरे की बात करती रही है। मथुरा और काशी में फिलहाल तो कानून से ही रोक है।

कुछ लोगों का ये भी कहना है कि पाक अधिकृत कश्मीर भी भाजपा का अगला एजेंडा हो सकता है लेकिन अधिकतर लोगों का कहना है कि देश के लगभग 130 करोड़ लोगों में से लगभग 100 करोड़ लोग किसी न किसी समस्या से परेशान हैं और केंद्र की मोदी सरकार को अब जनता की समस्याएं दूर करने के लिए काम करना चाहिए। राम मंदिर लगभग तीन साल में बन जाएगा। अब देश में राम राज्य भी आना चाहिए। देश के हजारों चौराहों पर लोग रोटी की भीख मांगते दिखते हैं जबकि देश के लाखों छोटे बड़े होटलों और ढाबों पर लोग प्लेट में उतना भोजन छोड़ देते हैं जितने से किसी गरीब का पेट भर सकता है। देश के करोड़ों लोग 18 से 20 घंटे काम करते हैं फिर भी अपने परिवार को उस तरह की खुशियां नहीं दे पाते जैसे परिवार चाहता है। कोई अपने बच्चों को उचित शिक्षा नहीं दे पाता तो किसी के बच्चे अस्पतालों में इस लिए दम तोड़ देते हैं क्यू कि उनके पास अस्पताल का भारी भरकम बिल चुकाने के लिए पैसे नहीं होते। पीएम ने आयुष्मान भारत योजना लागू कर स्वास्थ्य के छेत्र में बड़ा सुधार लाने का ऐतिहासिक प्रयास किया है लेकिन देश के लगभग आधे गरीबों से ये योजना कोसों दूर है। गरीबों से ज्यादा अमीर इस योजना का फायदा उठा रहे हैं क्यू कि 2011 की जनगणना के लाभार्थियों को इस योजना का लाभ मिल रहा है। उस समय 70 फीसदी धनकुबेरों के बीपीएल कार्ड बने थे और यही वजह है कि जब ये योजना लागू हुई तो देश के कई बड़े मंत्री और खरबपतियों का नाम भी इस योजना के लाभार्थियों का आया था। 

मेरी केंद्र सरकार से यही मांग है कि अब आपका असली मुद्दा कुछ और नहीं राम मंदिर की तरह राम रामराज्य होना चाहिए। अगर भाजपा सरकार इस दिशा में काम करेगी तो कलयुग रहने तक देश पर भाजपा का राज्य होगा लेकिन इस दुनिया में संभव और असंभव नाम के दो शब्द हैं। भारत में राम राज्य अगर लाया जाएगा तो तीर अपनों पर भी चलाने पड़ेंगे क्यू कि हरियाणा अब तक को अपने सूत्रों द्वारा पता चला है कि पूरे देश में भाजपा के बड़े पदों पर बैठे 53. 96 फीसदी नेता भ्रष्ट हैं। यही वजह है कि कई राज्यों में भाजपा को निराशा हाथ लगी है। पीएम के गढ़ गुजरात में भाजपा को पसीना बहाना पड़ा तो राजस्थान, मध्य प्रदेश, छतीसगढ़ जैसे राज्य कांग्रेस ने भाजपा से छीन लिया, हरियाणा भी छीनने वाला था लेकिन चौटाला के पोते ने खट्टर को बचा लिया। महाराष्ट्र की बात करें तो आज रविवार 8 बजकर 10 मिनट पर हरियाणा अब तक को जानकारी मिल रही है कि महाराष्ट्र में जो हो रहा है उसे देख कई बड़े भाजपा नेताओं का ब्लड प्रेशर 140 से 214 पर पहुँच गया है। जानकारी मिल रही है कि महाराष्ट्र में बीजेपी सरकार नहीं बनाएगी। कई  दिनों से बीजेपी और शिवसेना में सरकार को लेकर तनातनी चल रही है । शिवसेना ढाई-ढाई साल के सीएम पद पर अड़ी हुई है। 

हरियाणा अब तक को महाराष्ट्र से मिली जानकारी के मुताबिक महाराष्ट्र के वरिष्ठ भाजपा  नेता चंद्रकांत पाटिल ने अभी कुछ देर पहले कहा है  कि शिवसेना ने जनादेश का अपमान किया है। हम सरकार बनाने की स्थिति में नहीं हैं। शिव सेना चाहे तो कांग्रेस और एनसीपी के साथ सरकार बना सकती है। जानकारी मिल रही है कि कई नेता कुछ देर पहले राज्यपाल से मिले हैं जिनमे  कार्यकारी मुख्यमंत्री देंवेंद्र फडणवीस, चंद्रकांत पाटिल, विनोद तावड़े और पंकजा मुंडे प्रमुख थे। 
केंद्र सरकार अच्छा काम काज कर रही है। ऊपर बताया हूँ कि मोदी ने जो कहा था या भाजपा ने जो कहा था वो एजेंडे पूरे हो चुके हैं लेकिन राज्यों में भाजपा की दुर्गति हो रही है आखिर क्यू? इसका जबाब यही है कि  53. 96 फीसदी नेता भ्रष्ट हैं और कई प्रदेशों के नेता इस सूची में शामिल हैं। यही वजह है कि अधिकतर राज्यों से अब मोदी लहर गायब हो चुकी है क्यू कि ये महाभ्रष्ट मोदी लहर पर बहुत भारी पड़ रहे हैं। केंद्र में पीएम के आस पास भी कई भ्रष्ट मौजूद हैं जो विभिन्न राज्यों में घोटालेबाजों को भाजपा की टिकट दिलवाते हैं। पीएम को इसकी जानकारी नहीं है। घोटालेबाज टिकट तो पा जाते हैं क्यू कि अपने कार्यकाल में वो अरबों के मालिक बन गए हैं इसलिए उसमे से कुछ माल देकर भाजपा की टिकट पा जाते हैं लेकिन चुनाव नहीं जीत पा रहे हैं। जनता इन भ्रष्टो का चुनाव में माल भी खा जा रही है लेकिन इन्हे वोट नहीं दे रही है। 

कल अयोध्या पर फैसला आया और हो सकता है 2023 तक राम मंदिर बन जाये और अगले लोकसभा चुनावों में भाजपा को इसका फायदा मिले लेकिन भाजपा से बड़े राज्य छिनते जा रहे हैं इसलिए टीम मोदी को अब बहुत कुछ सोंचना पड़ेगा। देश से भ्रष्टाचार को जड़ से समाप्त करना पड़ेगा और एक तरह से देश में राम राज्य की स्थापना ही अब भाजपा को बचा सकती है वरना अगली बार तो मोदी आ जायेंगे लेकिन आगे भाजपा का कोई पीएम बनेगा, मुमकिन नहीं है। 
राम राज्य की बात करें तो इस इतिहास के बारे में जहाँ तक हरियाणा अब तक को जानकारी है उसके मुताबिक 
हिन्दू संस्कृति में राम द्वारा किया गया आदर्श शासन राम राज्य' के नाम से जाना जाता है। राम के राज्य में जनता हर तरह से सुखी और समृद्ध थी। लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए सबकुछ दांव पर लगा दिया जाता था। जीने का अधिकार और सुरक्षा-न्याय का अधिकार सभी को मिला था। 
हरियाणा अब तक के पाठकों को बता दें कि हमने जो जानकारी हासिल की है उसके मुताबिक त्रेतायुग में मयार्दापुरुषोत्तम भगवान श्रीराम द्वारा आदर्श शासन स्थापित किया गया। 
गोस्वामी तुलसीदास ने स्वयं रामचरित मानस में कहा है -
दैहिक दैविक भौतिक तापा।
राम राज नहहिं काहुहि ब्यापा।।
- इस चौपाई के मुताबिक राम राज्य में शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक और सांसारिक तीनों ही दु:ख नहीं थे।
- राम राज्य में रहने वाला हर नागरिक उत्तम चरित्र का था।
- सभी नागरिक आत्म अनुशासित थे, वह शास्त्रो व वेदों के नियमों का पालन करते थे। जिनसे वह निरोग, भय, शोक और रोग से मुक्त होते थे।
- सभी नागरिक दोष और विकारों से मुक्त थे यानि वह काम, क्रोध, मद से दूर थे।
- नागरिकों का एक-दूसरे के प्रति ईष्र्या या शत्रु भाव नहीं था। इसलिए सभी को एक-दूसरे से अपार प्रेम था।
- सभी नागरिक विद्वान, शिक्षित, कार्य कुशल, गुणी और बुद्धिमान थे।
- सभी धर्म और धार्मिक कर्मों में लीन और निस्वार्थ भाव से भरे थे।
- रामराज्य में सभी नागरिकों के परोपकारी होने से सभी मन और आत्मा के स्तर पर शांत ही नहीं बल्कि व्यावहारिक जीवन में भी शांति और सुकून से रहते थे।
- रामराज्य में कोई भी गरीब नहीं था। रामराज्य में कोई मुद्रा भी नहीं थी। माना जाता है कि सभी जरूरत की चीजों का बिना कीमत के लेन-देन होता था। अपनी जरूरत के मुताबिक कोई भी वस्तु ले सकता था। इसलिए बंटोरने की प्रवृत्ति रामराज्य में नहीं थी।
- मान्यता यह भी है कि पर्वतों ने अपने सभी संपत्ति मणि आदि और सागर ने रत्न, मोती रामराज्य के लिए दे दिये। इसलिए वहां के नागरिक शौक-मौज के जीवन की लालसा नहीं रखते थे बल्कि कर्तव्य परायण और संतोषी थे।
हरियाणा अब तक के प्रिय पाठकों यहाँ हम आपको बता दें कि भाजपा नेता राम-राम तो करते हैं लेकिन अधिकतर नेता काम नहीं करते। माल बटोरने में जुटे हैं। देश बहुत बड़ा है। पीएम मोदी हर किसी पर ध्यान नहीं रख सकते जिसका फायदा भाजपा के 53. 96 भ्रष्ट नेता उठा रहे हैं। अपने 10 पीढ़ियों के लिए माल इकठ्ठा कर ले रहे हैं। यही कारण है कि कई राज्यों की जनता भाजपा को अब पसंद नहीं कर रही है ,हाँ मोदी अब भी देश की जनता की पहली पसंद हैं। कल राम मंदिर के फैसले के बाद देश के 83 फीसदी लोग मोदी-मोदी कर रहे हैं। अब मोदी का अगला टारगेट राम राज्य हुआ तो सब ठीक होगा वर्ना मोदी तो रहेंगे, भ्रष्ट भाजपा को कहीं का नहीं छोड़ेंगे। झारखण्ड में जल्द चुनाव हैं सट्टेबाज भाजपा को आज 10 नवम्बर की रात्रि लगभग 8 बजकर 40 मिनट पर 30 से 35 सीटें दे रहे हैं जबकि दिल्ली में भी चुनाव जल्द हैं और केजरीवाल को भी झारखण्ड जैसे भाव मिल रहा है।
 इसके बाद यूपी में चुनाव हैं और यहाँ फिर योगी सीएम बन सकते हैं क्यू कि मंदिर तो उत्तर प्रदेश में ही बन रहा है। इसके बाद जहाँ विधानसभा चुनाव होंगे वहां भी भाजपा कमजोर? लाओ राम राज्य वरना जिस नदी के किनारे खड़ी है आपके भैंस वो नदी बहुत गहरी है ,भैंस ने नदी में कदम रखा तो डूब सकती है। ये एक कड़वा सत्य है। जल्द में खबर लिखी गई है क्यू कि हमारे पास खबरों का भंडार होता है, कोई स्पेलिंग मिस्टेक हो तो हरियाणा अब तक अपने पाठकों से माफी चाहता है। 

फेम इंडिया मैगज़ीन ने विपुल गोयल को सर्वश्रेस्ठ मंत्री के अवार्ड से नवाजा 


फरीदाबाद: फेम इंडिया मैगज़ीन ने सर्वे एजेंसी एशिया पोस्ट के साथ मिलकर 21 अलग-अलग श्रेणियों में सभी राज्यों में सर्वश्रेष्ठ मंत्रियों, 2019 का सर्वेक्षण किया। सर्वेक्षण को व्यक्तित्व, छवि, प्रदर्शन, प्रभाव, विभाग की समझ, लोकप्रियता, दूरदर्शिता और कार्य शैली और परिणाम जैसे सात बिंदुओं पर विभिन्न श्रेणियों में मूल्यांकन किया गया। देश भर के लगभग 12700 बुद्धिमान लोगों से राय ली गई और देश के सर्वश्रेष्ठ 21 मंत्रियों को चुना गया।
जिसमे हरियाणा प्रदेश से पूर्व उद्योग मंत्री विपुल गोयल को सर्वश्रेस्ठ मंत्री के अवार्ड से नवाजा गया, जोकि  हरियाणा प्रदेश के लिये बहुत बड़ी उपलब्धि है ओर प्रदेश के लिए गौरवशाली बात है। आपको बता दें बतौर मंत्री रहते हुए विपुल गोयल ने न सिर्फ जनहित की मूलभत सुविधाओं को उपलब्ध करवाने के साथ साथ खेलो में भी विकास कार्य करवाकर मनोहर सरकार की वाहवाही करवाई बल्कि समाज व धर्म के हर क्षेत्र में बढ़-चढ़कर कार्य किया फिर चाहे वो पंछी बचाओ अभियान, वृक्षारोपण, एशिया का सबसे ऊंचा तिरंगा लगाने की बात हो या गरीब ओर जरूरतमंद  लोगों को 10रुपए में भरपेट खाना खिलाने की बात हो, विपुल गोयल ने अपने कार्यकाल में हजारों वृद्ध लोगो को धार्मिक स्थल के भी निशुल्क दर्शन करवाये ओर विधवाओं को राशन वितरण कर उनकी ज़िंदगी मे भी मदद करने की कोशिश की।  आज इसी का नतीजा है जोकि विपुल गोयल को हरियाणा प्रदेश की राजनीति में सभी से अलग और श्रेष्ठ दर्शाता है।

विपुल गोयल से जब इस बारे में बातचीत कर उनसे जाना गया तो उन्होंने बताया कि उन्होंने सिर्फ जनता के भरोसे पर खरा उतरने की कोशिश की है और क्षेत्र की जनता ने जो प्यार और सम्मान उन्हें हमेशा दिया है आज उसी प्यार और आशीर्वाद के साथ ही मैं यहां तक पहूंचा हूँ, उन्होंने इस अवार्ड का असली हकदार अपने क्षेत्र की जनता को बताया और उन्हें मुबारकबाद दी।  यहां आपको बताया जाता है कि पूरे देश से
विभिन्न श्रेणियों में चुने गए 21 सर्वश्रेष्ठ मंत्रियों की पूरी सूची है:

गुजरात - प्रदीप सिंह जडेजा (प्रभावी)

उत्तर प्रदेश - केशव प्रसाद मौर्य (प्रभावशाली)

महाराष्ट्र - सुधीर मुनगंटीवार (वयोवृद्ध)

बिहार - नंद किशोर यादव (सक्रिय)

उत्तराखंड - मदन कौशिक (सहयोगी)

झारखंड - सीपी सिंह (योद्धा)

असम - हेमंत विश्व शर्मा (लोकप्रिय)

हिमाचल प्रदेश - महेंद्र सिंह (सक्षम)

हरियाणा - विपुल गोयल (ज्ञात)

पश्चिम बंगाल - फरहाद हकीम (ऊर्जावान)

दिल्ली - मनीष सिसोदिया (व्यक्तित्व)

केरल - डॉ। थॉमस इस्साक (आदर्श)

पंजाब - मनप्रीत बादल (जागृति)

सिक्किम - बेदु सिंह पंत (बेजोड़)

उड़ीसा - प्रताप जेना (सफल)

गोवा - विश्वजीत राणे (जीनियस)

मध्य प्रदेश - जीतू पटवारी (ऊर्जावान)

छत्तीसगढ़ - ताम्रध्वज साहू (पात्र)

राजस्थान - रघु शर्मा (विश्वसनीय)

तेलंगाना - एस। निरंजन रेड्डी (प्रेरक)

तमिलनाडु - डॉ। सी। विजय भास्कर (प्रगतिशील)

पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के स्वर्गीय भाई के घर पहुंचे सीएम खट्टर , जताया शोक 


चंडीगढ़, 10 नवंबर- हरियाणा के मुख्यमंत्री  मनोहर लाल आज पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के छोटे भाई धर्मेंद्र सिंह हुड्डा के निधन पर उनके रोहतक स्थित आवास पर शोक जताने पहुंचे।
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर हुड्डा परिवार को ढांढस बंधाते हुए गहरी संवेदना व्यक्त की। उल्लेखनीय है कि गत 7 नवम्बर, 2019 को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के भाई का निधन हो गया था।
इसी प्रकार, मुख्यमंत्री रोहतक में डीएलएफ कालोनी निवासी बनियानी गांव के देशराज खट्टर के निधन पर शोक संवेदना प्रकट करने पहुंचे। देशराज खटटर 99 साल के थे और रोहतक के बनियानी गांव के सरकारी स्कूल में मुख्याध्यापक रह चुके थे। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने उनसे शिक्षा ग्रहण की थी।

इसके पश्चात मुख्यमंत्री प्रांत-सह-व्यवस्था प्रमुख रविंद्र सक्सेना की माताजी स्वर्गीय श्रीमती उर्मिला सक्सेना के निधन पर शोक जताने उनके घर पर पहुंचे। श्रीमती उर्मिला सक्सेना का गत एक नवम्बर को स्वर्गवास हो गया था। इस मौके पर उन्होंने सक्सेना परिवार के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए उन्हें ढ़ांढस बंधाया।
इस मौके पर सांसद बाबा बालक नाथ, सुभाष बराला, पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर, पूर्व मंत्री कैप्टन अजय यादव, विधायक किरण चौधरी, चक्रवर्ती शर्मा, भाजपा जिला अध्यक्ष अजय बंसल, महम से विधायक बलराज कुंडू, सतीश नांदल, बिशंबर वाल्मीकि, धीरज चावला, राजकुमार कपूर, मनोज मक्कड़, सन्नी शर्मा, सन्नी हंस, कुलविंद्र सिंह सिक्का, विकास रोहिल्ला, संजय आहूजा, अजय जैन टैटू, प्रदीप जैन, अंगद कोचर व रामवतार बाल्मीकि आदि उपस्थित रहे।

मंदिर मुहिम से जुडे कारसेवकों ने कहा राममंदिर हमारे लिए गर्व और गौरव की बात


फरीदाबाद 10 नवंबर। रामजन्म मंदिर मुहिम से जुडे स्वयं सेवकों ने अयोध्या राम मंदिर के ऐतिहासिक फैसले को गर्व और गौरव की बात कहा है। अदालती निर्णय की अपने अपने तरीके से खुशी का इजहार किया। निर्णय के बाद कारसेेवकों ने सभी को बधाई दी। लोगों ने खुशी में मिठाईयां बांटी गई। ग्रामीण अंचल में घर आंगन और मंदिर प्रांगण में दीप जलाए गए। एक दूसरी दिवाली के रूप में मनाया गए दीपोत्सव से लोगों ने अपनी भावनाओं को बहुत ही सादगी के साथ व्यक्त किया।
रामजन्मभूमि मंदिर निर्माण आंदोलन से जुडे स्वयं सेवकों ने देश की सर्वोच्च अदालत के ऐतिहासिक फैसले का स्वागत करते हुए अपने संस्मरण सुनाते हुए कहा कि आस्था से जुडे राम जन्म भूमि मंदिर निर्माण संबंधित सर्वोच्च न्यायालय का सर्वमान्य निर्णय हम सभी को स्वीकार्य हैै। राममंदिर का निर्माण देश के लिए गौरव और हमारे लिए गर्व की बात है।
मंदिर आंदोलन से जुडकर कार्य करने वाले ददसिया गांव के तीन स्वयं सेवक नीरज त्यागी, अजय गोयल और डॉ सुभाष त्यागी ने बताया कि अदालत के निर्णय के उपरांत राममंदिर निर्माण का रास्ता स्पष्ठ हो गया अब जल्द ही अयोध्या में रामजन्म भूमि पर एक भव्य एवं अलौकिक मंदिर बनेगा जो भारत ही नही अपितु विश्व के हिंदुओं का सबसे बडा धार्मिक स्थल एवं आस्था का केंद्र होगा। रविवार को गांव में मंदिर मुहिम से जुडे कार सेवकों का डां सुभाष त्यागी के भाई एवं भाजपा नेता कृष्ण त्यागी ने मुंह मीठा कराकर उनका सम्मान किया।

मंदिर मुहिम से जुडे कार सेवक नीरज त्यागी ने बताया कि 21 अक्टूबर, 1990 को विश्व हिंदुपरिषद के अशोक सिंघल, महंत नृत्य गोपाल दास के नेतृत्व में हुई कार सेवा में शामिल होने के लिए मैं अपने साथी अजय गोयल, सुभाष त्यागी, लालपुर निवासी विरेंद्र और बादशाहपुर निवासी जीतेन शर्मा उर्फ चुक्कन ने योजना बनाई। गांव बादशाहपुर के तत्कालीन सरपंच कालूराम शर्मा ने हमे तिलक लगाकर रवाना किया था। बुआपुर से प्रदीप नागर  और सराय ख्वाजा से गोपाल शर्मा के नेतृत्व में तिगांव, सेहतपुर, पल्ला एवं अन्य गांवों से काफी संख्या में कारसेवक अयोध्या जाने के लिए बाटा चौक स्थित वैश्य धर्मशाला से 101 के जत्थों में फरीदाबाद ओल्ड रेलवे स्टेशन से दिल्ली के लिए रवाना हुए। फरीदाबाद से करीब 7 जत्थे रवाना हुए थे। उसके बाद दिल्ली से लखनउ ट्रेन से और लखनउ से फिर फै जाबाद के लिए रवाना होते हुए कार सेवकों को मनकापुर पहुंचना था। सभी सेवकों को गुप्त मुहिम के साथ एक दूसरे से अंजान बनकर यात्रा करनी थी।
कार सेवक अजय गोयल ने बताया कि सरयु नदी के तट पर पहुंचे तो वहां लाखों कारसेवक मौजूद थे। तत्कालीन मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव हेलीकोटर से स्थिति का जायजा ले रहे थे। उन्हीं के आदेश पर कार सेवकों पर गोलियां चलाई गई। श्री गोयल ने बताया कि मेरे साथ खडे आठ-दस कार सेवकों को गोलिया लगी और हजारों की संख्या में घायल हुए। हमे गिरफ्तार कर लिया गया, वहां से बडी मुश्किल से बचकर हम सकुशल वापिस लौटे। आज सर्वोच्च न्यायालय के ऐतिहासिक एंव सर्वमान्य निर्णय से सभी वर्ग खुश हैं हमारे लिए अदालती फैसला गर्व और देश के लिए गौरव भरा हैं।

हरियाणा में ई-सिगरेट का उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात,  बिक्री अब नहीं- DGP


चंडीगढ़, 10 नवंबर- हरियाणा पुलिस द्वारा ई-सिगरेट और अन्य सभी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक निकोटीन वितरण प्रणालियों की उपलब्धता और उपयोग पर अंकुश लगाने के लिए राज्य भर में एक विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया है।  आज यानि 10 नवंबर से शुरू हुआ यह अभियान आगामी 10 दिसंबर, 2019 तक जारी रहेगा।
हरियाणा पुलिस महानिदेशक  मनोज यादव ने आज यहां यह जानकारी देते हुए बताया कि केंद्र सरकार ने हाल ही में ई-सिगरेट के उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, वितरण, भंडारण और विज्ञापन पर पूरी तरह से रोक लगाने के लिए अध्यादेश जारी किया है।
  महानिदेशक ने कहा कि सभी पुलिस आयुक्तों और जिला पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र में अध्यादेश के प्रावधानों को सख्ती से लागू करवाना सुनिश्चित करें। एक माह तक चलने वाले विशेष अभियान के अंतर्गत अध्यादेश के प्रावधानों के क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के लिए पुलिस सभी आवश्यक कदम उठाएगी। स्कूलों, कॉलेजों और अन्य शैक्षणिक संस्थानों में इस तरह के प्रतिबंधित उत्पादों के उपयोग को रोकने के लिए अतिरिक्त सतर्कता बरती जाएगी। इसके अतिरिक्त, जिलों में जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा व नियमों की उल्लंघना करने वालों को दंडित भी किया जाएगा।

उन्होंने बताया कि अध्यादेश के अनुसार, ई-सिगरेट, सभी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक निकोटीन वितरण प्रणाली, ई-हुक्का और इस तरह के अन्य उत्पादों को प्रतिबंधित कर अपराध की श्रेणी में रखने का फैसला लिया गया है जिनसे लोगों के स्वास्थ्य को खतरा हो सकता है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में तलाशी, जब्ती व जांच करने के लिए कम से कम पुलिस सब-इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी को अधिकृत किया गया है। हालांकि, अध्यादेश के अनुसार व्यक्तिगत इस्तेमाल के लिए ई-सिगरेट का होना अपराध की श्रेणी में शामिल नहीं है।
अध्यादेश के तहत, ई-सिगरेट का उत्पादन, निर्माण, आयात, निर्यात, परिवहन, बिक्री, वितरण और विज्ञापन एक संज्ञेय अपराध है जिसमें पहनी बार अपराध के मामले में एक वर्ष तक का कारावास या एक लाख रुपये तक का जुर्माना अथवा दोनों, और अगले अपराध के लिए में तीन साल तक कैद और 5 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। इसके अलावा, ई-सिगरेट के भंडारण के लिए छह माह तक कैद अथवा 50,000 रुपये तक जुर्माना या दोनों दंड दिए जा सकते हैं।

अमित शाह से मिले खट्टर, जल्द होगा मंत्रियों के नामों का एलान


चंडीगढ़: चुनाव परिणाम के लगभग 17 दिन हो गए लेकिन हरियाणा में अब भी मंत्रिमंडल का विस्तार नहीं हो सका है। सूत्रों की मानें तो दिल्ली में तीन दिन से डटे हरियाणा के मुख्य्मंत्री मनोहर लाल की आज के आज भाजपा अध्यक्ष एवं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात हो गई है। जल्द मंत्रिमंडल का विस्तार हो सकता है। 

सीएम मनोहर लाल तीन दिन से अमित शाह से मुलाक़ात के लिए प्रयास कर रहे थे। आज सीएम के साथ सुभाष बराला और संगठन मंत्री सुरेश भट्ट भी अमित शाह से मिलने पहुंचे। अब जल्द कुछ नेताओं की किस्मत खुल सकती है और एलान हो सकता है कि किसे-किसे मंत्रिमंडल में जगह मिल रही है। 

मैंने चार लोगों की हत्या की है, अब मरने जा रहा हूँ- मुकेश


फरीदाबाद:  पुलिस आयुक्त श्री केके राव के दिशा निर्देश पर आज दिनांक 10 नवंबर 2019 को एसीपी क्राइम  अनिल यादव ने प्रेस वार्ता करते हुए कल दिनांक 9 नवंबर 2019 को 4 लोगों की हत्या का खुलासा किया है।

एसपी क्राइम  अनिल यादव ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि दिनांक 9 नवंबर 2019 को एक व्यक्ति ने एक ही परिवार चार लोगों की हत्या कर फरार हो गया था। जिस पर थाना सेक्टर 8 में मुकदमा नंबर 745 धारा 302, 34 आईपीसी एवं 25, 54, 59 आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज किया गया था।

एसीपी क्राइम ने बताया कि मौके पर पहुंचकर क्राइम ब्रांच डीएलएफ की टीम ने मौके से सभी साक्ष्य को बारीकी से एकत्रित कर जांच शुरू कर दी थी। घर में लगी हुई सीसीटीवी फुटेज चेक की गई तो पाया कि एक ही व्यक्ति ने 4 लोगों की हत्या को अंजाम दिया है। जोकि ग्रे कलर की स्कूटी लेकर आया था और उसी से ही वारदात को अंजाम देकर फरार हो गया था।

क्राइम ब्रांच डीएलएफ की टीम ने मृतक परिवार के आस पड़ोस में रहने वाले एवं उनके परिचितों से पूछताछ की। पूछताछ में पता चला कि एक व्यक्ति जो कि जिम ट्रेनर है जिसका नाम मुकेश है और वह मृतक के बेटे दर्पण का दोस्त है और घर पर उसका आना-जाना है। इसी आधार पर क्राइम ब्रांच की टीम ने जिम ट्रेनर मुकेश के घर पूछताछ करने पहुंची तो मुकेश की पत्नी ने बताया की मुकेश एक लिखित में पत्र छोड़कर घर से चला गया है। जिस पत्र में उसने लिखा हुआ है कि इन चारों लोगों की हत्या मैंने की है और अब मैं भी मरने के लिए जा रहा हूं। एसीपी क्राइम  अनिल ने बताया कि आरोपी की धरपकड़ के लिए क्राइम ब्रांच की 10 टीम लगाई गई है जिसको जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

मंदिर और मस्जिद निर्माण के लिए दो चांदी की ईंटें देगी प्रे फॉर इंडिया


फरीदाबाद:  अयोध्या राम जन्मभूमि विवाद पर सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिए गए फैसले  को एक एतिहासिक निर्णय बताते हुए प्रे फॉर इंडिया संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक जार्ज ने एलान किया है कि उनकी संस्था मंदिर और मस्जिद दोनों के निर्माण के समय एक-एक किलोग्राम की चांदी की ईंटें देगी। उन्होंने कहा कि इन ईंटों को मंदिर और मस्जिद की नीव में लगाया जाए और इसके लिए खुद अयोध्या इन ईंटों को लेकर जायेंगे। 
फरीदाबाद के मैगपाई टूरिस्ट काम्प्लेक्स पहुंचे जार्ज ने  कहा कि सर्वोच्च न्यायालय ने एक बहुत बड़े विषय पर सर्वसम्मति से एक एतिहासिक निर्णय दिया है। इस स्थायी समाधान से सभी को संतोष हुआ है। मंदिर का निर्माण निश्चित तौर पर हो सकेगा। मुस्लिम पक्ष पांच एकड़ भूमि पर एक भव्य मस्जिद बना सकेगा।

उन्होंने कहा कि शनिवार सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के बाद देश में आपसी सौहार्द व सामाजिक भाईचारा की  मिसाल  दिखी। उन्होंने कहा कि सभी धर्मों के लोग फैसले से खुश दिखे और अब वो चाहते हैं कि सभी धर्मों के लोग मिलकर मंदिर और मस्जिद के निर्माण में अपना योगदान देकर भाईचारे की एक और मिसाल पेश करें। उन्होंने मंदिर और मस्जिद के निर्माण के समय भाईचारे की नींव को और मजबूती मिले इसलिए उनकी संस्था ने एक-एक किलोग्राम  की चांदी की दो ईंट देने का एलान किया है। एक ईंट मंदिर की नींव के लिए और एक ईंट मस्जिद की नींव के लिए दी जाएगी। 
इस मौके पर युवा समाजसेवी राजेश खटाना, एडवोकेट ने कहा कि  सर्वोच्च न्यायालय ने अयोध्‍या पर बहुप्रतीक्षित फैसला सुनाया। इसके पीछे देश के न्यायाधीश, न्यायालय और हमारी न्यायिक प्रणाली ने दृढ़ इच्छाशक्ति दिखाई है। उन्होंने कहा कि इस फैसले से हमारी संस्कृति को नई मजबूती मिली है। भारत की एकता और अखंडता को सुनिश्चित करते हुए सुप्रीम कोर्ट का निर्णय देश में आपसी सौहार्द और भाईचारे को बढ़ावा देगा।



63 हजार वोट रुपी आर्शीवाद देने पर पूर्व विधायक ललित नागर ने जताया जनता का आभार  


फरीदाबाद,10 नवम्बर। तिगांव विधानसभा क्षेत्र के पूर्व कांग्रेसी विधायक ललित नागर ने शहर की बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकार पर बड़ा हमला बोलते हुए कहा कि फरीदाबाद में हाई अलर्ट होने के बावजूद शहर में दिन दिहाड़े एक परिवार के 4 सदस्यों की हत्या हो जाती है और पुलिस केवल कागजी कार्यवाही में व्यस्त रहती है। बिगड़ती कानून व्यवस्था का आलम यह है कि आज आम आदमी अपनी जान-माल सुरक्षा को लेकर चिंतित है। पुलिस जगह-जगह नाकेबंदी कर आम आदमी को तो परेशान करती है, लेकिन अपराधियों को पकडऩे में पूरी तरह से नाकाम साबित हो रही है। उन्होंने प्रदेश की भाजपा-जजपा गठबंधन सरकार को भानूमती के कुनबे की संज्ञा देते हुए कहा कि यह गठबंधन सरकार ज्यादा दिनों तक सत्ता में नहीं रहेगी क्योंकि यह गठबंधन प्रदेश हित में नहीं बल्कि राजनैतिक स्वार्थाे के चलते किया गया है, यही कारण है कि चुनाव परिणाम के 15 दिन बीतने के बावजूद अभी तक मंत्रिमंडल का गठन नहीं हो पाया है। श्री नागर आज खेड़ी रोड स्थित रंगोली गार्डन में आयोजित कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन में उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे। सम्मेलन में तिगांव क्षेत्र की चौरासी पाल की मौजिज सरदारी के साथ-साथ कालोनियों व सेक्टरों के लोगों ने भी भारी संख्या में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। इस दौरान ललित नागर ने चुनावों में 63 हजार वोट देने पर क्षेत्र के लोगों का आभार जताते हुए कहा कि जो मतरुपी आर्शीवाद जनता ने उन्हें दिया है, वह उसका सम्मान करते है। जितनी वोट उन्हें मिली है, इतनी वोट 9 विधानसभाओं में न तो किसी जीतने वाले को मिली और न ही किसी हारने वाले को। यह आपका आर्शीवाद, मेहनत और लग्र का ही परिणाम है। 

उन्होंने कहा कि आज भले ही हम चुनाव हार गए हो, इस बात का गम नहीं है क्योंंकि चुनाव हार-जीत का एक पहलू है, कभी भी चुनाव में हार हो सकती है और कभी भी जीत इसलिए जीत पर ज्यादा हर्षाेल्लास नहीं होना चाहिए और हार का ज्यादा गम नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि 2005 से वह चुनावों मेें लग गए थे, 2009 में पहली बार चुनाव लड़ा, आप लोगों ने पूरा समर्थन दिया, लेकिन मात्र 800 वोटों से वह चुनाव हार गए। चुनाव हारने के बाद भी वह क्षेत्र की जनता की सेवा में जुट गए और कब 5 साल बीत गए पता ही नहीं चला। 2009 चुनाव के बाद गांवों में विकास करवाने की बात रही हो या रोजगार दिलवाने की, उन्होंने कभी कोई कमी नहीं रहने दी। इसी का प्रतिफल रहा कि 2014 में जब देश-प्रदेश में मोदी की लहर चल रही थी, उस दौरान आप लोगों ने उन्हें विजयी बनाया और पांच साल उन्होंने तिगांव क्षेत्र की जनता के हक-हकूक की आवाज को सडक़ से लेकर विधानसभा में उठाने में कोई कोर कसर बाकि नहीं छोड़ी और अब वह फिर से 2009 की तरह 5 सालों तक जनता के हितों की आवाज को बुलंद करने का काम करेंगे। श्री नागर ने कहा कि आज प्रदेश में भाजपा की सरकार है और तिगांव में भी भाजपा का ही विधायक है तो अब इस क्षेत्र के विकास में कोई कमी नहीं आनी चाहिए और जो वायदे भाजपा विधायक ने जनता से चुनावों के दौरान किए थे, उन वायदों को उन्हें पूरा करना होगा। उन्होंने भाजपा विधायक से सवाल करते हुए कहा कि उन्होंने चुनावों के दौरान जनता से ग्रेटर फरीदाबाद में मेट्रो की सीटी बजाने का वायदा किया था, अपने इस वायदे को वह कब तक पूरा करेंगे? ललित नागर ने कहा कि वह पिछले 15 वर्षाे से तिगांव क्षेत्र की सेवा में समर्पित भावना से कार्य कर रहे है, यहां की जनता उनके परिवार का हिस्सा है और आने वाले 5 सालों तक जनता के पहरी बनकर क्षेत्र के साथ किसी प्रकार की अनदेखी नहीं होने देंगे और अगर सरकार ने तिगांव क्षेत्र के साथ विकास में भेदभाव बरता तो वह सडक़ों पर उतरकर संघर्ष करने से भी गुरेज नहीं करेंगे। इस मौके पर सत्तन सरपंच, पूर्व पार्षद सुरेश अधाना, महेश नागर, लायकराम सरपंच, रामचंद नंबरदार, बीर सिंह नंबरदार, रविन्द्र चंदीला, चंदन सरपंच, श्याम भाटी, कंवरलाल खलीफा, जगबीर सरपंच, चंद्रसेन सरपंच, सुनील भाटी चेयरमैन, रामपाल सरपंच, सेक्टर-29 आरडब्ल्यू के प्रधान जगजीत सिंह, नितिन भड़ाना, अशोक रावल, सैय्यद रिजवान आजमी, उदगार मिश्रा, रवि सरपंच, नैनसिंह प्रधान, प्रदीप चौहान, सतबीर मास्टर, पृथ्वी मास्टर, छिद़्दालाल, पीएल दुआ, अनिल चेची, महेंद्र अधाना, सतपाल अवाना, शंकर नंबरदार, निरोत्तम सिंह, राजन चौधरी, मुकुटपाल चौधरी, युद्धवीर झा, सुंदर नेताजी सहित अनेकों गणमान्य लोग मौजूद थे।

मैंने 4 लोगों की हत्या की है, अब मुझे भूल जाए मेरा परिवार, पत्र से मचा हड़कंप 


फरीदाबाद: मैंने सेक्टर सात में चार हत्याएं की हैं और अब मैं कभी वापस नहीं आऊंगा। ऐसा ही कुछ उस पत्र में लिखा था जो पत्र जनता कालोनी के पास की एक झुग्गी में जिम संचालक लाला को मिला। पत्र लिखने वाला लाला का भाई मुकेश था जो खुद जिम संचालक बताया जा रहा है। 
लाला ये पत्र लेकर डबुआ थाने पहुंचा जहां से लाला को क्राइम ब्रांच डीएलएफ ले जाया गया है। जानकारी मिल रही है कि लाला के परिवार के कुछ लोगों को भी पुलिस अपने साथ ले गई है। लाला डबुआ सब्जी मंडी के पास जिम चलाता था जबकि उसका भाई मुकेश जिम ट्रेनर बताया जा रहा है। शक जताया जा रहा है कि डाक्टर परिवार की ह्त्या का कारण कोई प्रेम प्रसंग भी हो सकता है। 
आपको बता दें कि फरीदाबाद के सेक्टर 7 में डॉ.प्रवीन मेहंदीरत्ता 58 वर्षीय, पत्नी सुदेश, दामाद सौरभ कटारिया निवासी मेरठ, बेटी प्रियंका कटारिया की कल चाकुओं से गोदकर हत्या की गई थी। जिम ट्रेनर हत्यारा है या कोई और भी उसके साथ शामिल था ये तो जांच के बाद ही बता चलेगा।